ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने किया श्रीनाथपुरम स्टेडियम का निरीक्षण, खराब मिट्टी पर जताई नाराजगी
ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने किया श्रीनाथपुरम स्टेडियम का निरीक्षण, खराब मिट्टी पर जताई नाराजगी
कोटा। शहर के प्रमुख खेल मैदानों में शामिल श्रीनाथपुरम स्टेडियम का आज ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने सिंथेटिक ट्रैक के आउटर हिस्से की मिट्टी की खराब गुणवत्ता को लेकर अधिकारियों पर नाराजगी जताई और तुरंत सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यहां आने वाले खिलाड़ियों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए और खेल सुविधाएं उच्च स्तर की होनी चाहिए।
निरीक्षण के दौरान मंत्री ने मैदान का पूरा जायजा लिया और कोटा विकास प्राधिकरण (KDA) के इंजीनियरों के साथ ग्राउंड का दौरा किया। उन्होंने पाया कि सिंथेटिक ट्रैक के बाहर डाली गई मिट्टी की गुणवत्ता ठीक नहीं है, जिसके कारण बरसात या पानी पड़ने पर वहां पानी जमा हो जाता है। इससे खिलाड़ियों को अभ्यास के दौरान काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इस स्थिति पर नाराजगी जताते हुए मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि खराब मिट्टी को तुरंत हटाकर नई और बेहतर गुणवत्ता की मिट्टी डाली जाए, ताकि पानी जमा न हो और मैदान समतल व सुरक्षित बना रहे।
ऊर्जा मंत्री ने अधिकारियों को यह कार्य 15 दिनों के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रीनाथपुरम स्टेडियम शहर के खिलाड़ियों के लिए एक महत्वपूर्ण खेल परिसर है और यहां से कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी निकलकर राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचे हैं। इसलिए इस मैदान की गुणवत्ता और सुविधाओं को बेहतर बनाए रखना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
मंत्री ने यह भी कहा कि खिलाड़ियों से लगातार इस समस्या की शिकायत मिल रही थी। उन्होंने पहले भी अधिकारियों को इस बारे में अवगत कराया था, लेकिन अपेक्षित गुणवत्ता के साथ काम नहीं हो रहा था। इसी कारण उन्होंने आज स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मंत्री ने स्टेडियम के रख-रखाव पर भी विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि मैदान में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए और किसी भी प्रकार की गंदगी नहीं रहने दी जाए। खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और सकारात्मक वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए।
इसके अलावा मंत्री ने स्टेडियम में आवारा पशुओं के प्रवेश पर भी चिंता जताई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मैदान में आवारा पशु और अन्य जानवरों के आने पर रोक लगाने के लिए उचित व्यवस्था की जाए। इसके लिए चारदीवारी की मरम्मत, गेट की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश भी दिए गए।
ऊर्जा मंत्री ने कहा कि श्रीनाथपुरम स्टेडियम को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने की दिशा में काम किया जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक सभी सुधार कार्य जल्द पूरे किए जाएं। उनका कहना था कि बेहतर खेल सुविधाएं मिलने से क्षेत्र के युवा खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा और भविष्य में यहां से और भी खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश और देश का नाम रोशन करेंगे।
निरीक्षण के दौरान KDA के इंजीनियर और अन्य संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मंत्री को आश्वासन दिया कि निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी जरूरी सुधार कार्य पूरे कर लिए जाएंगे।
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